गुरुवायूर श्रीकृष्ण मंदिर: दर्शन समय, कठोर ड्रेस कोड, पूजा और इतिहास
केरल के सुप्रसिद्ध 'भूलोक वैकुंठ' गुरुवायूर श्रीकृष्ण मंदिर की गाइड। जानिए निर्मल्य दर्शन समय, सख्त वेष्टि ड्रेस कोड, तुलाभारम पूजा और यात्रा मार्ग।
वैदिक तीर्थ यात्रा संपादकीय दल
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भक्ति वॉइस
केरल के त्रिशूर जिले में स्थित गुरुवायूर मंदिर को 'भूलोक वैकुंठ' यानी धरती पर भगवान विष्णु का साक्षात धाम माना जाता है। यहां बालकृष्ण का दुर्लभ 'पाताल अंजनम' शिला से बना चतुर्भुज विग्रह प्रतिष्ठित है, जो शंख, चक्र, गदा और पद्म धारण किए हुए है। यह दक्षिण भारत के सबसे पवित्र और अनुशासित तीर्थों में से एक है।
Sacred Heritage
Timeless Temple Tradition
Architectural Wonder
Ancient Vedic Mastery
Scriptural Origin
Puranic & Epic History
Spiritual Sadhana
Living Faith & Wisdom
- Deity
- गुरुवायूरप्पन (भगवान बालकृष्ण/महाविष्णु)
- Location
- गुरुवायूर, त्रिशूर जिला, केरल
History
Architecture
Best time
Timings
Darshan
How to reach
Nearby
- पुन्नात्तूर कोट्टा (हाथी अभयारण्य)
- मम्मियूर शिव मंदिर
- चावक्कड़ बीच
- वडक्कुन्नाथन मंदिर त्रिशूर
Why this matters today
केरल के सुप्रसिद्ध 'भूलोक वैकुंठ' गुरुवायूर श्रीकृष्ण मंदिर की गाइड। जानिए निर्मल्य दर्शन समय, सख्त वेष्टि ड्रेस कोड, तुलाभारम पूजा और यात्रा मार्ग।
Frequently asked questions
गुरुवायूर मंदिर में प्रवेश के लिए क्या ड्रेस कोड अनिवार्य है?
पुरुषों के लिए धोती (मुंडू) पहनना अनिवार्य है तथा ऊपरी शरीर खुला रखना होता है। महिलाओं के लिए साड़ी, पावड़ा या पारंपरिक सलवार सूट अनिवार्य है; जींस या पश्चिमी वस्त्र प्रतिबंधित हैं।
तुलाभारम अनुष्ठान क्या है?
यह एक अत्यंत लोकप्रिय मन्नत सेवा है, जिसमें श्रद्धालु को तराजू के एक पलड़े पर बिठाकर उनके वजन के बराबर गुड़, केला, नारियल, घी या सिक्कों का दान भगवान को समर्पित किया जाता है।
